20 Aug 2018

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गोरी गोरीपान गोरी गोरीपान फुलासारखी छान दादा मला एक वहिनी आण गोऱ्या गोऱ्या वहिनीची अंधाराची साडी अंधाराच्या साडीवर चांदण्य...

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Ghar Asave Gharasarakhe घर असावे घरासारखे नकोत नुसत्या भिंती इथे असावा प्रेम-जिव्हाळा नकोत नुसती नाती त्या शब्दांना...

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Zenda Amucha Priya Deshacha   झेंडा आमुचा प्रिया देशाचा फडकत वरी महान करितो आम्ही प्रणाम याला करितो आम्ही प्रणाम लढले गां...

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झाड – कुसुमाग्रज एकदा मध्यरात्रीच्या नीरवेतून मी ऐकला होता एक भयानक चीत्कार पलिकडच्या परसात असलेल्या एका वृक्षाच्या काळ्याशार पानघुटम...

17 Aug 2018

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ चलती चक्की देख के, दिया कबीरा रोये | दो पाटन के बीच में, साबुत बचा न कोए || अर्थ – चलती चक्की को द...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ पानी केरा बुदबुदा, अस मानस की जात | देखत ही छुप जाएगा है, ज्यों सारा परभात || अर्थ – कबीर दास जी क...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ माटी कहे कुमार से, तू क्या रोंदे मोहे | एक दिन ऐसा आएगा, मैं रोंदुंगी तोहे || अर्थ – जब कुम्हार बर...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ दुःख में सुमिरन सब करे, सुख में करे न कोय | जो सुख में सुमिरन करे, तो दुःख काहे को होय || अर्थ – द...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय | जो मन देखा आपना, मुझ से बुरा न कोय || अर्थ – कबीर दास जी...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ निंदक नियेरे राखिये, आँगन कुटी छावायें | बिन पानी साबुन बिना, निर्मल करे सुहाए || अर्थ – कबीर दास ...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ बड़ा भया तो क्या भया, जैसे पेड़ खजूर | पंथी को छाया नहीं फल लागे अति दूर || अर्थ – कबीर दास जी कहत...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ ऐसी वाणी बोलिए मन का आप खोये | औरन को शीतल करे, आपहुं शीतल होए || अर्थ – कबीर दास जी कहते हैं कि इंस...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ सब धरती काजग करू, लेखनी सब वनराज | सात समुद्र की मसि करूँ, गुरु गुण लिखा न जाए || अर्थ – अगर मैं इ...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ यह तन विष की बेलरी, गुरु अमृत की खान | शीश दियो जो गुरु मिले, तो भी सस्ता जान || अर्थ – कबीर द...

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संत कबीर के दोहे और उनके अर्थ गुरु गोविंद दोउ खड़े, काके लागूं पाँय । बलिहारी गुरु आपने, गोविंद दियो मिलाय ॥ अर्थ – कबीर दास जी इ...

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संत कबीर दास के दोहे “जिन खोजा तिन पाइया, गहरे पानी पैठ, मैं बपुरा बूडन डरा, रहा किनारे बैठ।” अर्थ  – जीवन में जो लोग हमेशा प्रयास...

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अटल बिहारी वाजपेयी के 10 मशहूर कोट्स 1-  आप दोस्त बदल सकते हैं, पड़ोसी नहीं।  2-  हमारे परमाणु हथियार विशुद्ध रूप से किसी विरोधी की त...

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अटल बिहारी वाजपेयी के विचार  1. छोटे मन से कोई बड़ा नहीं होता, टूटे मन से कोई खड़ा नहीं होता. 2. जीत और हार जीवन का एक हिस्सा है, जिसे ...